” दिवाली “

” दिवाली आती है , मन में उत्साह जगाती है “ यह एक ऐसा वाक्य है जो हम बचपन से सुनते आ रहे हैं परंतु क्या आज की युवा पीढ़ी दिवाली के लिए उतनी उत्साहित होती है जितनी हम हुआ करते थे ? क्या आज की युवा पीढ़ी दिवाली आने से पहले उसकी तैयारियों मेंContinue reading “” दिवाली “”

“बिरयानी सी शादी”

आज मेरे लेख का विषय कुछ अटपटा लगेगा आपको और मैं कोशिश करूंगी कि आपको अपना मंतव्य समझा सकूं । बिरयानी का नाम लेते ही मुंह में तरह-तरह के स्वाद घुलने लगते हैं , तीखा , करारा और चटपटा सा । शादी भी तो बिरयानी की तरह ही मसालेदार और चटपटी है, जिसमें तीखा स्वादContinue reading ““बिरयानी सी शादी””

” फिर से बलात्कार “

सोच के दायरे कम होते जा रहे हैं , ऐसी घटनाएं आसपास घट जाती है कि इंसान की सोचने समझने की शक्ति खत्म हो जाती है । हाथरस में घटी उस भयावह घटना ने मेरे हृदय को झकझोर दिया । कितने ही सालों से हम यह राग अलापते आ रहे हैं की बेटियों की सुरक्षाContinue reading “” फिर से बलात्कार “”

” कोरोना वार्ड “

आज ना जाने क्यों मन विचरते हुए करोना वार्ड में चला गया , सब की बेबसी देख दिल दहल गया । इंटेंसिव केयर यूनिट खचाखच भरा हुआ था और वार्ड भी । पीपीई किट में नर्सेज और स्टाफ मानो खुद से ही जंग लड़ रहे थे । हम सोच भी नहीं सकते कितना कठिन हैContinue reading “” कोरोना वार्ड “”

“समाज”

समाज क्या है ? मैं कहूंगी – जो समझ ना आए वह है समाज । आप सोचेंगे मैं ऐसा क्यों कह रही हूं ? क्या मैं सही नहीं हूं ? क्या आपको समाज समझ आता है ? क्या समाज की बातें समझ आती हैं ? ” हमारे जीवन का एक ही रोग ,क्या कहेगा समाजContinue reading ““समाज””

रिश्ते!!!

“”रिश्ते होते हैं इस नाव की तरह जो समुंदर के बीच में खड़ी है, रिश्ते होते हैं इस समुंदर की तरह जो नाव को संभाले खड़े हैं!!”” हमारी जिंदगी में बहुत से रिश्ते होते हैं,कुछ हम जन्म से पहले ही बना लेते हैं ,कुछ जन्म के बाद बनते हैं और कुछ अपनी समझऔर सूझबूझ सेContinue reading “रिश्ते!!!”

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